राम भजन भारतीय संस्कृति और भक्ति संगीत का अहम हिस्सा हैं। ये भजन भगवान राम के प्रति श्रद्धा और प्रेम को व्यक्त करने का माध्यम होते हैं। इस लेख में हम आपको Top 10 ram bhajan lyrics के लिरिक्स प्रस्तुत कर रहे हैं, जो आपके हृदय को भक्ति से भर देंगे। ये भजन न केवल भक्तों को मानसिक शांति प्रदान करते हैं बल्कि राम की महिमा का गुणगान भी करते हैं।
1. पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए एक ऐसा भजन है जो राम की विभिन्न रूपों में उपस्थिति को दर्शाता है। यह भजन बताता है कि भगवान राम किसी भी रूप में हमारे पास आ सकते हैं, और हमें उनके हर रूप में उनका स्वागत करना चाहिए।
लिरिक्स:
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
जो भी मूरत देखो तुम समझो मेरे राम को,
किसी भी मूरत में वो राम समा जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
साधू की सेवा में संतोष नजर आए,
भूखे को रोटी देकर भूख मिटाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
कभी वो आये भीखारी बनके दर पे,
कभी वो आये रोगी बन के द्वार पे
कभी वो आये बच्चे बन के गले से लग जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
कभी-कभी माली बनके बाग़ में आ जाए,
कभी-कभी माता बनके प्यार लुटाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
जो भी मूरत देखो तुम समझो मेरे राम को,
किसी भी मूरत में वो राम समा जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
पता नहीं किस रूप में आकर नारायण मिल जाए
2. सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम भजन का प्रभावी मंत्र है जो सीता और राम की जोड़ी की महिमा का वर्णन करता है। यह भजन भगवान राम और माता सीता की आस्था का प्रतीक है और इसे सुनकर भक्तजन आनंदित हो जाते हैं।
लिरिक्स:
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
सदा साक्षी रहे राम रघु कुल के
सदा भक्तों के प्राण में समाए
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
सीता राम सीता राम सीता राम कहिए
जाहि विधि राखे राम ताहि विधि रहिए
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
रामचंद्र के चरणों में सदा सुखदाई
जनक नंदिनी संग रघुबर आयो
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
सिंधु सुतारन सकल सुखकारी
दीनदयाल विरद संभारी
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
तुलसीदास सदा हरि चेरो
कीजै नाथ हृदय मंह डेरो
सिया राम जय राम जय जय राम
सिया राम जय राम जय जय राम
3. अवध में राम आए हैं
यह भजन राम के अयोध्या में आगमन की खुशी का वर्णन करता है। अवध में राम आए हैं भजन को सुनते ही मन में असीम आनंद की अनुभूति होती है। यह भजन भगवान राम के आगमन के अवसर पर गाया जाता है और इसे सुनकर वातावरण पवित्र हो जाता है।
लिरिक्स:
अवध में राम आए हैं,
अवध में राम आए हैं,
खुशियाँ मनाओ, घर-घर मंगल गाओ
अवध में राम आए हैं।
धन्य धन्य दशरथ, दशरथ मैया कौशल्या,
रामलला के दर्शन का सुख पायो।
अवध में राम आए हैं,
अवध में राम आए हैं,
खुशियाँ मनाओ, घर-घर मंगल गाओ
अवध में राम आए हैं।
कौशल्या के द्वारे सुख आनंद है न्यारे,
रामजी के पांव पड़े अंगना।
खुशियाँ मनाओ, घर-घर मंगल गाओ
अवध में राम आए हैं।
भरत लखन शत्रुघ्न हर्षित होके नाचे,
माता कौशल्या गले लगाए।
अवध में राम आए हैं,
अवध में राम आए हैं,
खुशियाँ मनाओ, घर-घर मंगल गाओ
अवध में राम आए हैं।
सभी देवताओं ने फूल बरसाए,
अवधपुरी का हर द्वार सजाए।
रामजी के स्वागत में, सब मिल हर्ष मनाए।
अवध में राम आए हैं,
अवध में राम आए हैं,
खुशियाँ मनाओ, घर-घर मंगल गाओ
अवध में राम आए हैं।
गली-गली में दीप जलाए,
सभी ने मिलकर आरती गाए।
राम नाम की ध्वजा फहराए,
अवध में राम आए हैं।
अवध में राम आए हैं,
अवध में राम आए हैं,
खुशियाँ मनाओ, घर-घर मंगल गाओ
अवध में राम आए हैं।
4. हमारे साथ श्री रघुनाथ
यह भजन भगवान राम के प्रति भक्तों की आस्था और विश्वास को व्यक्त करता है। हमारे साथ श्री रघुनाथ भजन बताता है कि जीवन में किसी भी कठिनाई का सामना राम के साथ रहकर किया जा सकता है।
लिरिक्स:
हमारे साथ श्री रघुनाथ
हमारे साथ श्री रघुनाथ,
हमारे साथ श्री रघुनाथ,
रघुकुल नायक श्री राम,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
संसार के हर सुख-भोग में,
कभी न छूटे भजन के योग में,
रघुकुल नायक श्री राम,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
रघुकुल नायक श्री राम,
हमारे साथ श्री रघुनाथ,
रघुकुल नायक श्री राम,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
जब जब दुख आए जीवन में,
राम नाम की गूंज सुनाई दे,
संसार के हर सुख-भोग में,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
संगति रघुकुल नायक की सदा,
हमारे साथ श्री रघुनाथ,
ध्यान लगाओ राम के चरणों में,
सुखी रहो, सबका हित सरे।
श्री राम के चरणों में सुख है,
हर दुख हरता है राम का नाम,
संगति रघुकुल नायक की सदा,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
रघुकुल नायक श्री राम,
हमारे साथ श्री रघुनाथ,
रघुकुल नायक श्री राम,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
ध्यान लगाओ राम के चरणों में,
सुखी रहो, सबका हित सरे,
संगति रघुकुल नायक की सदा,
हमारे साथ श्री रघुनाथ।
5. मेरे घर राम आएंगे
यह भजन भगवान राम के आगमन की प्रतीक्षा में गाया जाता है। मेरे घर राम आएंगे भजन में भक्त अपने घर में भगवान राम के स्वागत की इच्छा व्यक्त करते हैं। यह भजन भक्त के समर्पण और आस्था को दर्शाता है।
लिरिक्स:
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
सुख सागर कृपा निधि, बनवासी रघुराई।
धन्य होऊं मैं बलिहारी, श्री राम कहाई।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
स्वर्ण सिंहासन बिछाऊं, मस्तक चंदन लगाऊं।
धूप दीप सब दिखाऊं, आरती मैं उतारूं।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
तुम हो दीनदयाल, मैं तुम्हारी दासी।
हे रघुवर आओ, मोरे घर के वासी।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
निशदिन मैं ये जपती, प्रभु पधारो मोरे अंगना।
चरणों की धूल मिले, मेरा मस्तक होवे धन्य।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
मंगल भवन अमंगल हारी, द्रवउ सो दसरथ अजर बिहारी।
अवधपुरी में उत्सव मनाऊं, राम जी को बुलाऊं।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
तुम्हारी जोत जगाऊं, धूप सुगंध फैलाऊं।
हरी ओढ़नी बिछाऊं, आरती में गाऊं।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
द्वार खुला है तुम्हारा, क्यों न आओ रघुवर प्यारे।
मन मंदिर में बसाओ, मेरे दुःख सारे हर लो।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
राम जी के चरणों में, सिर झुकाऊं बारम्बार।
उनके आते ही मिट जाएंगे, जीवन के अंधकार।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
मेरे घर राम आएंगे, राम आएंगे, राम आएंगे।
6. मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर भजन में भक्त अपने घर के सामने भगवान राम का मंदिर होने की खुशी व्यक्त करता है। यह भजन भक्त के आंतरिक शांति और सुख की प्राप्ति का माध्यम है।
लिरिक्स:
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर,
दरवाजे पे डेरा हनुमान तेरा बंदर।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर,
दरवाजे पे डेरा हनुमान तेरा बंदर।
दरवाजे पे डेरा हनुमान तेरा बंदर,
हनुमान तेरा बंदर, हनुमान तेरा बंदर।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर।
सुन के प्रभु की बानी, मैंने तुझको पहचाना,
मैंने तुझको पहचाना, मैंने तुझको पहचाना।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर।
राम सिया की जोड़ी, भली लागे सबसे न्यारी,
भली लागे सबसे न्यारी, भली लागे सबसे न्यारी।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर।
कर के तेरा दर्शन, मन हो गया मेरा अंबर,
मन हो गया मेरा अंबर, मन हो गया मेरा अंबर।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर।
हर हर गंगे बानी, शंकर की मैं दीवानी,
शंकर की मैं दीवानी, शंकर की मैं दीवानी।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर।
सुखी रहूंगी सदा मैं, नाम जपूं मैं तेरा,
नाम जपूं मैं तेरा, नाम जपूं मैं तेरा।
मेरे घर के आगे श्री राम तेरा मंदिर।
7. राम नाम के हीरे मोती
यह भजन राम नाम की महिमा का गुणगान करता है। राम नाम के हीरे मोती भजन में भक्त राम नाम के अमूल्य रत्नों को बिखराने की इच्छा व्यक्त करता है। यह भजन भगवान राम की कृपा का प्रतीक है।
लिरिक्स:
राम नाम के हीरे मोती, मैं बिखराऊं गली-गली।
जो राम नाम का प्रेमी होगा, वो चुन-चुन लेगा मेरी झोली।
राम नाम के हीरे मोती, मैं बिखराऊं गली-गली।
जो राम नाम का प्रेमी होगा, वो चुन-चुन लेगा मेरी झोली।
राम नाम के हीरे मोती, मैं बिखराऊं गली-गली।
जो राम नाम का प्रेमी होगा, वो चुन-चुन लेगा मेरी झोली।
किसने किया है भजन हमारा, मैं तो उसी का हो गया।
जो राम नाम का प्रेमी होगा, वो चुन-चुन लेगा मेरी झोली।
जाके रहूंगा उसी के संग मैं, जिसका राम है तू।
राम नाम के हीरे मोती, मैं बिखराऊं गली-गली।
राम नाम के हीरे मोती, मैं बिखराऊं गली-गली।
जो राम नाम का प्रेमी होगा, वो चुन-चुन लेगा मेरी झोली।
जो राम नाम में लीन है, वही सच्चा प्रेमी है।
राम नाम के हीरे मोती, मैं बिखराऊं गली-गली।
8. तेरी मंद मंद मुस्कान पे
तेरी मंद मंद मुस्कान पे भजन भगवान राम के सौम्य और मनमोहक स्वरूप की महिमा का वर्णन करता है। यह भजन भगवान राम के प्रेम और आशीर्वाद को पाने की इच्छा को व्यक्त करता है।
लिरिक्स:
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
कुशल प्रभु, तेरे चरणों में, हर घड़ी बसते मेरे प्राण हैं।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
तेरे प्रेम की गंगा बहती, तेरे प्रेम की गंगा बहती।
तेरे प्रेम की गंगा बहती, हर दिल में वही अनोखा गीत है।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
तेरे बिना तो जीवन है, बेमाना।
तेरे बिना तो जीवन है, बेमाना।
तेरे बिना तो जीवन है, बेमाना।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
तेरे बिना कोई अभिलाषा, नहीं मन में है।
तेरे बिना कोई अभिलाषा, नहीं मन में है।
तेरे बिना कोई अभिलाषा, नहीं मन में है।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
तेरी मंद मंद मुस्कान पे, दिल जान से बलिदान है।
9. मंगल भवन अमंगल हारी
यह भजन भगवान राम के मंगलमय स्वरूप की महिमा का गुणगान करता है। मंगल भवन अमंगल हारी भजन भगवान राम की आराधना और उनकी कृपा का आह्वान करता है।
लिरिक्स:
रघुपति राघव राजा राम, पतित पावन सीता राम।
सीता राम, सीता राम, जय जय सिया राम।
ईश्वर अल्ला तेरो नाम, सबको सन्मति दे भगवान।
रघुपति राघव राजा राम, पतित पावन सीता राम।
सीता राम, सीता राम, जय जय सिया राम।
ईश्वर अल्ला तेरो नाम, सबको सन्मति दे भगवान।
रघुपति राघव राजा राम, पतित पावन सीता राम।
सीता राम, सीता राम, जय जय सिया राम।
ईश्वर अल्ला तेरो नाम, सबको सन्मति दे भगवान।
रघुपति राघव राजा राम, पतित पावन सीता राम।
सीता राम, सीता राम, जय जय सिया राम।
ईश्वर अल्ला तेरो नाम, सबको सन्मति दे भगवान।
रघुपति राघव राजा राम, पतित पावन सीता राम।
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10. जय जय राम कृष्ण हरी
यह भजन भगवान राम और कृष्ण दोनों की महिमा का वर्णन करता है। जय जय राम कृष्ण हरी भजन में भक्त भगवान राम और कृष्ण के प्रति अपनी भक्ति और समर्पण व्यक्त करता है।
लिरिक्स:
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
हरि की महिमा अनन्त है
रघुकुल नायक की संतति है
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
सच्चे प्रेम से सुमिरो राम
भूलो न भजन की यह धाम
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
भक्ति का संकल्प मन में बसा
हरि की भक्ति का दीप जलाओ
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
संतों की वाणी में मन लगाओ
सच्चे प्रेम से सबको बुलाओ
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
हर दिल में हर पल बसाओ
भक्ति की लहरों में डुबाओ
जय जय राम कृष्ण हरी
जय जय राम कृष्ण हरी
निष्कर्ष:
उपर्युक्त टॉप 10 राम भजन का संकलन भगवान राम की भक्ति के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। ये भजन न केवल धार्मिक और आध्यात्मिक संतोष प्रदान करते हैं, बल्कि मानसिक शांति और आनंद की अनुभूति भी कराते हैं। इन भजनों को गाकर और सुनकर हम अपने जीवन को प्रभु राम की कृपा से सराबोर कर सकते हैं।
भगवान राम की भक्ति में रमे इन भजनों को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं और राम की कृपा से अपनी आत्मा को शुद्ध करें।
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